
बैंगलुरू, न्यूज़ वर्ल्ड डेस्क। इतिहास रचते हुए मध्यप्रदेश की क्रिकेट टीम ने रणजी 2022 का खिताब अपने नाम कर लिया है। बैंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेले गए फाइनल मुकाबले में मध्यप्रदेश ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मुंबई की टीम को 6 विकेटों से हरा दिया है। मध्यप्रदेश का ये पहला रणजी ट्रॉफी खिताब है। इससे पहले साल 1999 में चंद्रकात पंडित की कप्तानी में फाइनल तक पहुंची थी, ये मैच कर्नाटक ने 96 रनों से जीत लिया था। वहीं चंद्रकात पंडित इस समय मध्यप्रदेश क्रिकेट टीम के हेड कोच है। फाइनल मुकाबले में शुभम शर्मा मैन ऑफ द मैच रहे। शुभम ने फाइनल की पहली पारी में 116 और दूसरी में टीम के लिए 30 रन बनाए। मुंबई के सरफराज खान मैन ऑफ द सीरीज चुने गए।
मध्यप्रदेश को मिला 108 रनों के टारगेट
पांचवें दिन के शुरुआती सत्र में ही मुंबई ने अपने बचे हुए 8 विकेट गंवा दिए, और उसकी दूसरी पारी 269 रनों पर सिमट गई। जिसके बाद मध्यप्रदेश को जीत के लिए 108 रनों के टारगेट मिला। मुंबई के लिए दूसरी इनिंग्स में सुवेद पारकर ने सबसे अधिक 51 रन, वहीं सरफराज ने 45 और कप्तान पृथ्वी शॉ ने 44 रनों की पारी खेली। मध्यप्रदेश की तरफ से कुमार कार्तिकेय ने सबसे ज्यादा 4 विकेट लिए। उधर 108 रनों के टारगेट को एमपी ने आसानी से हासिल कर लिया। मध्यप्रदेश के लिए दूसरी पारी में हिमांशु मंत्री ने सबसे ज्यादा 37 रनों का योगदान दिया। वहीं शुभम शर्मा और रजत पाटीदार ने 30-30 रनों की पारियां खेली।
फाइनल मुकाबले में मध्यप्रदेश के 3 खिलाड़ियों ने शतक लगाए। ये तीनों शतक मैच की पहली पारी में लगाए गए थे।
सीएम शिवराज ने दी बधाई
उधर पहली बार रणजी ट्रॉफी का खिताब अपने नाम करने पर प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट करते हुए मध्यप्रदेश की टीम को बधाई दी। उन्होंने लिखा, 'रणजी ट्रॉफी 2022 फाइनल मैच में अपने अद्भुत और अद्वितीय खेल से मध्यप्रदेश की टीम ने न केवल शानदार जीत प्राप्त की है, बल्कि लोगों का हृदय भी जीत लिया।' साथ ही सीएम ने कहा कि मध्यप्रदेश की टीम का भव्य स्वागत किया जाएगा, उनका नागरिक अभिनंदन होगा।
टीम का फाइनल तक का सफर
पहला मैच : गुजरात को 106 रन से हराया
दूसरा मैच : मेघालय को पारी और 301 रन से हराया
तीसरा मैच : केरल से ड्रॉ खेला
चौथा मैच : पंजाब को 10 विकेट से हराया
पांचवां मैच : बंगाल को 174 रन से हराया
फाइनल : मुंबई को 6 विकेट से हराया
सितारों से सजी थी मुंबई की टीम
मध्यप्रदेश की टीम ने जिस मुंबई की टीम को खिताब हराया वो आईपीएल और इंटरनेशनल क्रिकेट खेलने वालो से सजी हुई थी। मुंबई की टीम के 8 प्लेयर इंटरनेशनल मैच और 1 प्लेयर आईपीएल खेल चुका है। उधर मध्यप्रदेश की टीम में कोई भी ऐसा खिलाड़ी नहीं था जिसने कोई इंटरनेशनल मैच खेला हो, सिर्फ 2 खिलाड़ियों ने आईपीएल खेला है। एक खास बात और है कि, मुंबई टीम में खेल रहे खिलाड़ियों की औसत उम्र 25 वर्ष से कम है, वहीं मध्यप्रदेश के खिलाड़ियों की औसत उम्र 25+ (25 वर्ष से अधिक) है। मतलब मुंबई के पास भले ही इंटरनेशनल प्लेयर्स हो, लेकिन मध्यप्रदेश के अनुभवी प्लेयर्स के सामने टिक नहीं पाए।
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