शनिवार, 04 अप्रैल 2026
Logo
Chhattisgarh

कौशल प्रशिक्षण को रोजगार से जोड़ें और युवाओं को बनाएं आत्मनिर्भर: विष्णुदेव साय

05 अग, 20250 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
Cm vishnu dev sai

Cm vishnu dev sai

Hitesh Kumar Singh
डेस्क रिपोर्टर
Hitesh Kumar Singh

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मंगलवार को मंत्रालय महानदी भवन में कौशल विकास विभाग की समीक्षा बैठक की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि युवाओं के कौशल प्रशिक्षण को सीधे रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ा जाए। सरकार का उद्देश्य केवल प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि युवाओं को आत्मनिर्भर और सक्षम बनाना है। इसके लिए विभाग की ओर से निरंतर नवाचार और प्रभावी कार्ययोजना जरूरी है।


मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि कौशल विकास योजनाओं को युवाओं की आजीविका, आत्मनिर्भरता और भविष्य के निर्माण से जोड़ा जाना चाहिए। उन्होंने इस दिशा में सतत प्रयास करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने बैठक में विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने वर्ष 2025–26 के लिए जिलेवार प्रशिक्षण उपलब्धि और आवंटित बजट पर विस्तार से चर्चा की। मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना 4.0, और प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी ली।

 

मुख्यमंत्री ने ‘नियद नेल्ला नार’ योजना के तहत आत्मसमर्पित माओवादियों को दिए जा रहे प्रशिक्षण के संबंध में जानकारी प्राप्त की। अधिकारियों ने उन्हें बताया गया कि अब तक 549 युवाओं को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। जबकि पुनर्वास केंद्रों में 382 प्रशिक्षणार्थी प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। पीएम जनमन योजना के तहत अत्यंत पिछड़ी जनजाति के युवाओं को दिए जा रहे कोर्सवार प्रशिक्षण की भी समीक्षा की गई।

 

दो चरणों में आयोजित की जाएगी ‘कौशल तिहार प्रतियोगिता 

बैठक में ‘कौशल तिहार 2025’ के आयोजन की रूपरेखा भी प्रस्तुत की गई।  यह प्रतियोगिता जिला और राज्य स्तरीय दो चरणों में आयोजित की जाएगी। इसमें दो आयु वर्ग-22 वर्ष से कम और 22 वर्ष से अधिक के प्रतिभागी भाग लेंगे। प्रतियोगिता में 10 प्रमुख ट्रेड ऑटोमोबाइल टेक्नोलॉजी, ब्रिकलेइंग, रिन्युएबल एनर्जी

हेल्थ एंड सोशल केयर, प्लंबिंग एंड हीटिंग, इलेक्ट्रिकल इंस्टॉलेशंस, इलेक्ट्रॉनिक्स फील्ड टेक्नीशियन, कंप्यूटर, मोबाइल फोन टेक्नीशियन, ग्राफिक डिजाइन टेक्नोलॉजी/डेस्कटॉप पब्लिशिंग तथा रेफ्रिजरेशन एंड एयर कंडीशनिंग शामिल है।जिला स्तर पर प्रत्येक ट्रेड और आयु वर्ग से दो विजेताओं का चयन किया जाएगा, जो राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में भाग लेंगे। राज्य स्तर के विजेताओं को पुरस्कार, ट्रॉफी और रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे। उन्हें इंडिया स्किल्स 2025 की क्षेत्रीय एवं राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयार किया जाएगा, जहाँ से चयनित प्रतिभागी ‘वर्ल्ड स्किल्स 2026’, शंघाई (चीन) में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।

 

इनकी रही उपस्थिति 

बैठक में वन एवं कौशल विकास मंत्री केदार कश्यप, मुख्य सचिव अमिताभ जैन, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, कौशल विकास विभाग के सचिव एस. भारतीदासन और छत्तीसगढ़ राज्य कौशल विकास अभिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी विजय दयाराम के सहित अन्य वरिष्ठ विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

पाठकों की राय (0)

इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

अपनी प्रतिक्रिया दें