गुरुवार, 12 मार्च 2026
Logo
International
चिली के पूर्व मंत्री जॉर्ज हेन ने ट्रंप पर कसा तंज: वेनेजुएला पर अमेरिकी कार्रवाई को बताया अंतरराष्ट्रीय
07 जन, 2026 0 व्यूज 4 मिनट पढ़ाई
चिली के पूर्व नेशनल एसेट्स मिनिस्टर और भारत में पूर्व राजदूत जॉर्ज हेन ने अमेरिका पर वेनेजुएला पर सैन्य ऑपरेशन चलाने का आरोप लगाया और यूरोप तथा भारत से निंदा करने की अपील की।

चिली के पूर्व नेशनल एसेट्स मिनिस्टर और भारत में पूर्व राजदूत जॉर्ज हेन ने अमेरिका पर वेनेजुएला पर सैन्य ऑपरेशन चलाने का आरोप लगाया और यूरोप तथा भारत से निंदा करने की अपील की।

Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

नई दिल्ली/सैंटियागो। चिली के पूर्व नेशनल एसेट्स मिनिस्टर और भारत में चिली के पूर्व एम्बेसडर जॉर्ज हेन ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की आलोचना करते हुए कहा है कि वेनेजुएला पर अमेरिका का सैन्य ऑपरेशन अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है और इसे सहन नहीं किया जा सकता। हेन ने अमेरिका की हालिया कार्रवाई की तीखी निंदा की और कहा कि इस तरह की घटना अब तक लैटिन अमेरिका के मुख्य भूतल पर नहीं हुई थी।


पहली बार लैटिन अमेरिकी मुख्य भूतल पर सैन्य हमला: हेन

हेन ने अपने बयान में कहा कि अमेरिका ने पिछले दशकों में लैटिन अमेरिका में कई बार हस्तक्षेप किया है, लेकिन इस बार की घटना सबसे अलग है। उन्होंने कहा, “पहली बार साउथ अमेरिकन मेनलैंड पर अमेरिकी मिलिट्री हमला हुआ है।” उन्होंने खासतौर पर वेनेजुएला की राजधानी काराकस पर हमले, बमबारी और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो एवं उनकी पत्नी के कथित अपहरण प्रयास को एक नई और खतरनाक राह बताया। हेन ने जोर देकर कहा कि अब हद पार हो गई है और कोई नहीं जानता कि इसका अगला परिणाम क्या होगा। अगर इसे मिसाल के तौर पर लिया जाए तो भविष्य में क्या होंगे, इस पर गहरा अनिश्चितता का माहौल है।


यूरोप की प्रतिक्रिया पर जताई गई हैरानी

पूर्व राजदूत ने यूरोपीय देशों की प्रतिक्रिया को “कायरता” से भरा बताया। हेन ने कहा कि उन्हें इस बात पर हैरानी हुई कि यूरोपियन देशों ने वेनेजुएला पर अमेरिकी सैन्य कार्रवाई को शांतिपूर्ण तरीके से देखा, जबकि अगला लक्ष्य ग्रीनलैंड भी हो सकता है। उनका कहना था कि अगर वेनेजुएला को इस तरह स्वीकार कर लिया गया तो अगला निशाना कोई और देश हो सकता है, जिसके खिलाफ भी दुनिया खामोश रह सकती है।


भारत से अपील: वेनेजुएला पर हमले की निंदा करे

हेन ने भारत से भी अपील करते हुए कहा कि वेनेजुएला पर अमेरिका के हमले की निंदा करे। उन्होंने कहा, “अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुसार एक देश द्वारा दूसरे देश पर बल का उपयोग करना वर्जित है, सिवाय आत्मरक्षा के मामले में। वेनेजुएला ने अमेरिका पर कोई हमला नहीं किया है, इसलिए अमेरिका की यह कार्रवाई गलत है।” उन्होंने उम्मीद जताई कि भारत न्यायप्रिय दृष्टिकोण अपनाते हुए इस मामले में स्पष्ट रुख लेगा।


ड्रग ट्रैफिकिंग के आरोपों को ठुकराया

बयान में हेन ने यह भी स्पष्ट किया कि वेनेजुएला ने अमेरिका को किसी भी प्रकार के ड्रग फेंटानिल का एक्सपोर्ट नहीं किया है। उन्होंने कहा कि यह दावा कि वेनेजुएला से अमेरिका में ड्रग ट्रैफिकिंग का कारण है, पूरी तरह से गलत है। उन्होंने कहा, “कैरिबियन में फेंटानिल ले जा रही एक भी नाव को पकड़ा नहीं गया है। वेनेजुएला कोई बड़ा ड्रग बनाने वाला या एक्सपोर्ट करने वाला देश नहीं है, इसलिए यह अमेरिका का किया गया एक झूठा दावा है।”


अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन?

हेन ने अपने बयान में यह भी कहा कि अमेरिका द्वारा किसी भी देश पर सैन्य कार्रवाई तब तक सही नहीं ठहराई जा सकती जब तक वह आत्मरक्षा के अंतर्गत न आ रही हो। उन्होंने कहा कि वेनेजुएला ने अमेरिका पर कोई हमला नहीं किया है, इसलिए यह कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है और इसे अनदेखा नहीं किया जाना चाहिए।

पाठकों की राय (0)

इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

अपनी प्रतिक्रिया दें