
भोपाल। राजधानी भोपाल के नए मास्टर प्लान ड्राफ्ट को लेकर लोगों और संबंधित पक्षों से 185 से ज्यादा आपत्ति-सुझाव मिल चुके हैं। सबसे ज्यादा जोर कृषि और ग्रीन बेल्ट की जमीन के इस्तेमाल को लेकर है।
बैरागढ़कलां और आसपास के गांवों की बसाहट, लहारपुर की 643 एकड़ जमीन, सड़क अलाइनमेंट और बाघ मूवमेंट क्षेत्र से जुड़ी योजनाओं पर भी आपत्तियां दर्ज हुई हैं। आपत्ति देने की अंतिम तारीख 25 अक्टूबर निर्धारित है।
पांच दिन में आए 185 से ज्यादा सुझाव
26 सितंबर को मास्टर प्लान का नया प्रारूप जारी किया गया था। इसके बाद पांच दिन के भीतर प्राप्त आपत्ति-सुझावों में अलग-अलग माध्यमों से भेजे गए आवेदन शामिल हैं।
141 आपत्तियां ऑनलाइन
35 आपत्तियां ई-मेल से
11 आपत्तियां ऑफलाइन
कृषि और ग्रीन बेल्ट पर आवासीय उपयोग की मांग
आपत्ति दर्ज कराने वालों की प्रमुख मांग कृषि और ग्रीन बेल्ट के लिए प्रस्तावित जमीन के उपयोग को लेकर है। इन क्षेत्रों की जमीन को आवासीय उपयोग में शामिल करने की मांग सामने आई है। बैरागढ़कलां सहित आसपास के गांवों में पहले से मौजूद बसाहट वाली जमीन को प्रतिबंधित जोन में रखने पर भी लोगों ने आपत्ति दर्ज कराई है।
लहारपुर की 643 एकड़ जमीन का मुद्दा
लहारपुर की 643 एकड़ जमीन को डूब क्षेत्र से बाहर रखने की मांग भी मास्टर प्लान से जुड़ी आपत्तियों में शामिल है। आपत्ति में कहा गया है कि इस जमीन पर पिछले 30 वर्षों से खेती की जा रही है।
सड़क और बाघ मूवमेंट क्षेत्र भी निशाने पर
मास्टर प्लान के प्रस्तावित सड़क नेटवर्क को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। सड़क के अलाइनमेंट और 18 मीटर चौड़ी सड़कों से संबंधित आपत्तियां सामने आई हैं। बाघों के मूवमेंट वाले क्षेत्रों से प्रस्तावित सड़कों को हटाने की मांग भी आपत्तियों में शामिल है।
25 अक्टूबर तक दे सकते हैं सुझाव
मास्टर प्लान के प्रारूप पर आपत्ति या सुझाव देने के लिए 25 अक्टूबर तक का समय दिया गया है। ऑनलाइन आपत्ति mptownplan.gov.in/Scheme.aspx के माध्यम से दर्ज की जा सकती है।
ई-मेल के जरिए bhopal@mp.gov.in पर सुझाव या आपत्ति भेजी जा सकती है। लिखित आपत्ति के लिए संयुक्त संचालक, टीएंडसीपी कार्यालय भोपाल में आवेदन दिया जा सकता है।
पाठकों की राय (0)
इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

