
भोपाल। राजधानी भोपाल में आज BRICS देशों के संस्कृति मंत्री सांस्कृतिक सहयोग बढ़ाने पर मंथन करेंगे। बैठक में विरासत, संग्रहालय, रचनात्मक अर्थव्यवस्था और आपसी सांस्कृतिक संपर्क जैसे मुद्दे केंद्र में रहेंगे।
दिनभर के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की ओर से मंत्रियों के लिए लंच और इसके बाद सांची भ्रमण शामिल है। विदेशी प्रतिनिधिमंडल विश्व प्रसिद्ध सांची स्तूप के साथ बौद्ध विरासत से जुड़े स्थलों और कार्यक्रमों में हिस्सा लेगा।
साझा सांस्कृतिक सहयोग का रोडमैप होगा तैयार
5 अगस्त से चल रहे BRICS सांस्कृतिक सम्मेलन-2026 का शनिवार चौथा दिन है। इसी दौरान संस्कृति मंत्रियों की बैठक आयोजित होगी, जिसमें सदस्य देशों के बीच सांस्कृतिक सहयोग को आगे बढ़ाने पर चर्चा होगी।
बैठक में प्रमुख रूप से इन क्षेत्रों पर विचार किया जाएगा:
- सांस्कृतिक विरासत
- संग्रहालय
- रचनात्मक अर्थव्यवस्था
- सांस्कृतिक आदान-प्रदान
- क्षमता निर्माण
- ‘लोगों से लोगों के बीच जुड़ाव’
बैठक के समापन पर ‘ब्रिक्स संस्कृति मंत्रियों की घोषणा’ अपनाई जाएगी। इसमें BRICS ढांचे के भीतर सांस्कृतिक सहयोग को मजबूत करने के लिए साझा दृष्टिकोण और भविष्य की दिशा तय होगी।
मुख्यमंत्री देंगे मंत्रियों को लंच
बैठक के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की ओर से संस्कृति मंत्रियों के लिए दोपहर के भोजन का आयोजन होगा। BRICS देशों के सभी मंत्री शुक्रवार को भोपाल पहुंच चुके हैं। भोपाल पहुंचने पर विदेशी मंत्रियों का परंपरागत तरीके से स्वागत किया गया था। सम्मेलन के चौथे दिन बैठक और लंच के बाद प्रतिनिधिमंडल सांची के लिए रवाना होगा।
सांची में बौद्ध विरासत का करेंगे अवलोकन
विदेशी मंत्री और प्रतिनिधिमंडल भारत की बौद्ध विरासत तथा स्थापत्य कला को करीब से जानने के लिए यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल सांची जाएंगे। प्रतिनिधियों के कार्यक्रम में ‘बुद्ध जंबूदीप’ का भ्रमण और विश्व प्रसिद्ध सांची स्तूप का विशेष गाइडेड टूर शामिल है। इसके अलावा प्रतिनिधि चेतियागिरी मंदिर में दर्शन करेंगे। उनके लिए योग एवं ध्यान सत्र भी रखा गया है।
शाम को 3D प्रोजेक्शन और लाइट एंड साउंड शो
सांची यात्रा का समापन केवल ऐतिहासिक स्थलों के भ्रमण तक सीमित नहीं रहेगा। शाम को बौद्ध इतिहास और कला पर आधारित 3D प्रोजेक्शन मैपिंग का आयोजन होगा। इसके साथ ही प्रतिनिधियों के लिए लाइट एंड साउंड शो भी रखा गया है, जिसमें बौद्ध इतिहास और कला को केंद्र में रखा जाएगा।
लंच-डिनर में दिखेगा मध्य प्रदेश का स्वाद
BRICS देशों के संस्कृति मंत्रियों के लिए भोजन के मेन्यू में मध्य प्रदेश के पारंपरिक व्यंजनों को खास जगह दी गई है। लंच और डिनर में स्थानीय व्यंजनों के साथ मिलेट्स से बने खाद्य पदार्थ भी शामिल हैं।
मेन्यू में प्रमुख रूप से ये व्यंजन रखे गए हैं:
- दाल बाफले
- निमोना
- रिकमच
- गुइया की सब्जी
- चंबल का थोपा
- चंदिया
- बड़ा
- कोदो
- कुटकी
अंतरराष्ट्रीय मेहमानों की स्वाद संबंधी प्राथमिकताओं को ध्यान में रखते हुए वेस्टर्न और ओरिएंटल व्यंजनों की श्रृंखला भी परोसी जा रही है।
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