
भोपाल। मध्यप्रदेश के बुरहानपुर में अवैध हथियारों का कारोबार अब पूरी तरह हाईटेक हो चुका है। देशी पिस्टलों की खरीद-बिक्री अब गुपचुप मुलाकातों से नहीं, बल्कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के जरिए की जा रही थी। पुलिस जांच में सामने आया है कि हथियार तस्कर ऑनलाइन नेटवर्क बनाकर अंतरराज्यीय स्तर पर अवैध पिस्टल सप्लाई कर रहे थे। इस खुलासे के बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है।
सोशल मीडिया बना अवैध हथियारों का नया अड्डा
एसपी आशुतोष बागरी ने रविवार को बताया कि खकनार थाना क्षेत्र के ग्राम पाचोरी में एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय है। यह गिरोह लंबे समय से अवैध देशी पिस्टलों का निर्माण कर उन्हें सोशल मीडिया के जरिए ग्राहकों तक पहुंचा रहा था। आरोपी सीधे संपर्क से बचने के लिए ऑनलाइन डील और डिजिटल माध्यमों का इस्तेमाल कर रहे थे।
गरीब युवाओं को लालच देकर धंधे में धकेला
पुलिस के मुताबिक, इस नेटवर्क में गांव के आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं को फंसाया जा रहा था। उन्हें 5 से 10 हजार रुपए का लालच देकर हथियार सप्लाई और तस्करी के काम में लगाया जा रहा था। एसपी ने कहा कि कुछ लोगों की वजह से पूरा गांव बदनाम हो रहा है।
महाराष्ट्र मॉडल पर होगी कार्रवाई
एसपी आशुतोष बागरी ने कहा कि अवैध हथियारों की मांग चोरी, लूट और हिंसक अपराधों में इस्तेमाल के लिए होती है। इसी वजह से पुलिस अब महाराष्ट्र की तर्ज पर लगातार दबिश देगी और ऐसे संदिग्ध लोगों पर निगरानी रखेगी जो इस कारोबार से जुड़े हैं या मदद कर रहे हैं।
7 पिस्टल और 3 मैगजीन जब्त
खकनार पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 7 देशी पिस्टल और 3 मैगजीन बरामद की हैं। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनके कब्जे से करीब 1.11 लाख रुपए के अवैध हथियार जब्त किए गए।
रेलवे पुलिया के नीचे पकड़े गए आरोपी
थाना प्रभारी अभिषेक जाधव के मुताबिक, मुखबिर से सूचना मिली थी कि दो संदिग्ध हथियारों की खेप लेकर जा रहे हैं। इसके बाद ग्राम मोहनगढ़ के पास रेलवे पुलिया के नीचे पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को पकड़ लिया।
12वीं पास युवक निकले तस्कर
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 20 वर्षीय विकास सिंह उर्फ विक्की निवासी ग्राम पाचौरी और 21 वर्षीय अकलेश उर्फ कान्हा निवासी खकनार खुर्द के रूप में हुई है। दोनों आरोपी 12वीं तक पढ़े हैं और सोशल मीडिया का इस्तेमाल कर हथियारों के अवैध कारोबार में शामिल थे।
कॉल डिटेल से खुलेंगे और राज
पुलिस अब आरोपियों की कॉल डिटेल और सोशल मीडिया कनेक्शन खंगाल रही है। जिला न्यायालय से रिमांड लेकर इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। पुलिस का दावा है कि आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।
“गलत रास्ता छोड़ने वालों की मदद करेंगे”
एसपी ने कहा कि जो युवा अपराध छोड़कर मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं, पुलिस प्रशासन उनके पुनर्वास में मदद करेगा। लेकिन जो लोग जानबूझकर अपराध में शामिल रहेंगे, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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