
भोपाल। मुख्यमंत्री निवास में शनिवार को अटल प्रोग्रेस-वे परियोजना की बैठक हुई। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि क्षेत्रीय विकास में सड़कों की महत्वपूर्ण भूमिका है। अटल प्रोग्रेस-वे परियोजना से प्रदेश के चंबल क्षेत्र के विकास को गति मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मार्ग से मुरैना, श्योपुर और भिंड जिले, राजस्थान से निकल रहे दिल्ली-वड़ोदरा एक्सप्रेस-वे और उत्तर प्रदेश के आगरा-लखनऊ हाईवे से जुड़ेंगे। इससे क्षेत्र की कोटा, मुंबई, कानपुर, लखनऊ, आगरा और दिल्ली से कनेक्टिविटी बढ़ेगी और यात्रा का समय कम होगा। क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों, व्यापार-व्यवसाय, पर्यटन और आवागमन को प्रोत्साहन मिलेगा। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि किसानों और क्षेत्रीय निवासियों की सहमति और संतुष्टि के अनुसार भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया कर परियोजना को जल्द से जल्द पूर्ण किया जाए।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि पेंच राष्ट्रीय उद्यान-कान्हा टाइगर रिजर्व-बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व और पन्ना राष्ट्रीय उद्यान को जोड़ने वाले मार्ग को टाइगर टूरिज्म कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जाए। उन्होंने कहा कि 625 किमी लंबे इस मार्ग से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मंशानुसार वाइल्ड लाइफ टूरिज्म को प्रोत्साहित करने में मदद मिलेगी। बैठक में अटल एक्सप्रेस-वे के प्रस्तावित दो प्लान का तुलनात्मक प्रस्तुतिकरण किया गया।
बैठक में लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह, मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव अशोक वर्णवाल और प्रमुख सचिव लोक निर्माण सुखबीर सिंह उपस्थित थे।
पाठकों की राय (0)
इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

