
भोपाल। मध्यप्रदेश में नशे के खिलाफ चल रही जंग में एसटीएफ को बड़ी कामयाबी मिली है। उड़ीसा से ट्रक में भरकर लाया जा रहा करीब 600 किलो गांजा अनूपपुर के जंगलों में पकड़ा गया। कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इस कार्रवाई से तस्करों की पूरी प्लानिंग धरी की धरी रह गई।
उड़ीसा से लाया गया था 600 किलो गांजा
एसटीएफ एसपी राजेश सिंह भदौरिया ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि बुधवार को अनूपपुर जिले के जैतहरी के घने जंगल मार्ग पर गांजे से भरा ट्रक पकड़ा गया। ट्रक में करीब 600 किलो गांजा लदा था, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये आंकी जा रही है।
इस मामले में दो आरोपी — अंकित विश्वकर्मा (सीधी) और धनंजय सिंह पटेल (सतना) को गिरफ्तार किया गया है।
तकनीकी निगरानी से ट्रैक हुआ ट्रक
एसटीएफ को बुधवार सुबह तस्करी की पुख्ता सूचना मिली थी। इसके बाद दो विशेष टीमों का गठन किया गया और उन्हें पांच हिस्सों में बांटकर तकनीकी माध्यमों से ट्रक की निगरानी की गई। जैसे ही ट्रक जंगल के अंदरूनी रास्ते पर मुड़ा, टीम ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया।
जंगल में उतारकर MP-UP में खपाने की थी साजिश
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि गांजे को मैहर के जंगलों में उतारकर मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश के अलग-अलग इलाकों में सप्लाई करने की तैयारी थी। तस्करों का नेटवर्क काफी फैला हुआ है और इससे पहले भी इसी तरह की खेप भेजी जा चुकी है।
पब, क्लब और होटल बने थे टारगेट
एसटीएफ के मुताबिक, गांजा माफिया उड़ीसा, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश समेत कई राज्यों में सक्रिय हैं। इस बार पकड़ी गई खेप को पब, क्लब, होटल और अन्य ठिकानों पर सप्लाई करने की साजिश थी। एसटीएफ ने दावा किया है कि इस नेटवर्क के बाकी सदस्यों की तलाश तेज कर दी गई है और जल्द बड़ी गिरफ्तारी हो सकती है।
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