
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार को उज्जैन में आयोजित गुजराती सेन समाज के राष्ट्रीय अधिवेशन व परिचय सम्मेलन से वर्चुअली जुड़े। उन्होंने कहा है कि सेन समाज की पहचान श्रम, सेवा और संस्कार से रही है। संत शिरोमणि सेन महाराज की प्रेरणा बताती है कि कर्म ही पूजा और सेवा ही सच्चा धर्म है। गुजराती सेन समाज प्रदेश के विकास में इसी भावना से अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवक-युवती परिचय सम्मेलन जीवन साथी खोजने के साथ ही, अलग-अलग परिवारों के बीच नए रिश्ते संजोने का भी अवसर है। यह सम्मेलन सामाजिक सुरक्षा, पारदर्शी संवाद और पारिवारिक विश्वास को मजबूत करने वाला सामूहिक उपक्रम है। समाज के ऐसे समागमों से हमें अपने शिल्प और संस्कारों को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने में भी मदद मिलती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द ही मुख्यमंत्री निवास में सेन समाज की पंचायत आयोजित की जाएगी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि समाज बंधुओं को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने और लाभ दिलाने के लिए ऐसे समागमों में व्यवस्था की जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में लागू योजनाओं से समाज में बड़े पैमाने पर सकारात्मक बदलाव आ रहा है। कार्यक्रम में मध्यप्रदेश गुजराती सेन समाज के प्रदेश संरक्षक भरत भाटी, युवा प्रदेशाध्यक्ष बालकृष्ण वर्मा, वरिष्ठ समाजसेवी गौरीशंकर वर्मा, उपाध्यक्ष जितेन्द्र सेन सारोला सहित बड़ी संख्या में समाज बंधु उपस्थित थे।
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