
भोपाल में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक ने मध्य प्रदेश की तस्वीर और तकदीर दोनों बदलने की दिशा में बड़ा कदम बढ़ा दिया है। सीएम डॉ. मोहन यादव की अगुवाई में हुई इस हाई-प्रोफाइल बैठक में ऐसे फैसले लिए गए, जो सीधे महिलाओं, किसानों, बच्चों और युवा निवेशकों की जिंदगी को बदल सकते हैं। बैठक के बाद उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा— “सरकार का विज़न साफ है—समाज के हर वर्ग को सशक्त करना और आत्मनिर्भर एमपी का निर्माण करना।”
मिशन वात्सल्य से बच्चों को आर्थिक सहारा, 1022 करोड़ रुपए की मंजूरी
कैबिनेट ने मिशन वात्सल्य योजना के तहत राज्य के 33,346 बच्चों को हर माह 4,000 रुपए आर्थिक सहायता देने का बड़ा फैसला किया है। इस योजना के तहत 60% राशि केंद्र सरकार और 40% राज्य सरकार वहन करेगी। इसके लिए कुल 1022 करोड़ रुपए की मंजूरी दी गई है।
किसानों के लिए खुशखबरी! सोलर पंप सब्सिडी प्रस्ताव मंजूर
ऊर्जा विभाग के प्रस्ताव पर चर्चा के बाद सरकार ने अस्थायी बिजली कनेक्शन वाले किसानों को उनकी मोटर क्षमता के बराबर सोलर पंप देने का फैसला मंजूर किया। उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने बताया—“सब्सिडी बढ़ाने की प्रक्रिया तेज की जा रही है, किसानों को अब बेहतर और स्थायी समाधान मिलेगा।”
इंदौर टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव बना निवेश का हॉटस्पॉट, 7 बड़े एमओयू साइन
इंदौर में आयोजित टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव ने एमपी को टेक्नोलॉजी की नई राजधानी बनाने की शुरुआत कर दी है। इस कार्यक्रम में स्पेस टेक पॉलिसी 2025 ड्राफ्ट का अनावरण किया गया, जिसमें ड्रोन, एयरोस्पेस, IIT, सेमीकंडक्टर, रक्षा, ईवी मैन्युफैक्चरिंग और भूमि आवंटन नीति पर विस्तार से चर्चा हुई। इस कॉन्क्लेव से 15,996 करोड़ रुपए का निवेश आएगा और 64,085 रोजगार के अवसर खुलेंगे। इस दौरान एमपी सरकार ने 7 बड़े एमओयू पर हस्ताक्षर भी किए।
भावांतर योजना के नतीजे दमदार, किसानों के चेहरों पर आई मुस्कान
देवास में शुरू हुई भावांतर योजना अब पूरे प्रदेश में उम्मीद की किरण बन गई है। 24 अक्टूबर को मॉडल रेट 4020 रुपए था, जो 17 नवंबर तक बढ़कर 4036 रुपए हो गया। अब तक सिर्फ 15 दिनों में 1.33 लाख किसानों के खातों में 233 करोड़ रुपए भेजे जा चुके हैं। इस योजना से किसान बेहद खुश हैं और सरकार की पहल को सराह रहे हैं।
लाड़ली बहनों को बड़ा तोहफा! अब मिलेगी 1500 रुपए महीना और रोजगार के मौके
लाड़ली बहना योजना की मासिक राशि 250 रुपए बढ़ाकर 1500 रुपए कर दी गई है। जून 2023 से अक्टूबर 2025 के बीच 44,900 करोड़ रुपए की राशि बहनों के खातों में भेजी जा चुकी है। सीएम मोहन यादव ने निर्देश दिए हैं कि — “लाड़ली बहनों को सिर्फ आर्थिक मदद नहीं, बल्कि रोजगार उपलब्ध कराएं, उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए नई योजना तैयार की जाए।”
महिलाओं को आर्थिक स्वावलंबन की राह पर ले जाने की तैयारी
सरकार ने महिला सशक्तिकरण को नए स्तर तक ले जाने के लिए विभागों को निर्देश दिया है कि लाड़ली बहनों के लिए रोजगार आधारित मॉडल तैयार करें, जिसमें स्वरोजगार, कौशल विकास, माइक्रो बिजनेस और डिजिटल फाइनेंसिंग को शामिल किया जाए।
पाठकों की राय (0)
इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

