
भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक मंगलवार को मंत्रालय में वंदे मातरम के गान के साथ शुरू हुई। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई इस अहम बैठक में विकास और जनकल्याण से जुड़े कई बड़े प्रस्तावों को मंजूरी दी गई, जिनका असर सीधे किसानों, महिलाओं, मजदूरों और विस्थापित परिवारों पर पड़ेगा।
सरदार सरोवर के विस्थापितों को बड़ी राहत
नर्मदा घाटी विकास विभाग के प्रस्ताव पर कैबिनेट ने सरदार सरोवर परियोजना से प्रभावित परिवारों को आवंटित भूखंडों की रजिस्ट्री कराने और इसके लिए लगने वाली स्टैंप ड्यूटी व पंजीयन शुल्क की प्रतिपूर्ति का फैसला लिया है। इससे वर्षों से इंतजार कर रहे विस्थापित परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी।
सिंचाई परियोजनाओं को हरी झंडी
जल संसाधन विभाग के प्रस्ताव पर धनवाही सूक्ष्म सिंचाई परियोजना बड़ी सूक्ष्म उद्भावन सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी गई है। इन दोनों योजनाओं से खेती के लिए पानी की उपलब्धता बढ़ेगी और किसानों की निर्भरता बारिश पर कम होगी।
500 करोड़ से कम की 8 योजनाओं को मंजूरी
वित्त विभाग के प्रस्ताव पर लोक वित्त पोषित कार्यक्रमों और परियोजनाओं के तहत 500 करोड़ रुपये से कम लागत वाली 8 योजनाओं को 16वें केंद्रीय वित्त आयोग की अवधि तक मंजूरी देने पर सहमति बनी है।
संबल 2.0 और विधायक क्षेत्र विकास योजना जारी
श्रम विभाग के प्रस्ताव पर मुख्यमंत्री जन कल्याण संबल 2.0 योजना को लगातार चलाने की स्वीकृति दी गई।
वहीं योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग के प्रस्ताव पर विधानसभा क्षेत्र विकास योजना को भी आगे जारी रखने पर मुहर लगी।
पशुपालन और डेयरी सेक्टर को 2031 तक सपोर्ट
कैबिनेट ने मुख्यमंत्री पशुपालन विकास योजना को आगे भी चालू रखने, पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय, जबलपुर को 2026 से 2031 तक ब्लॉक ग्रांट देने, और गौ संवर्धन व पशु विकास योजनाओं को 2031 तक जारी रखने का फैसला किया है।
महिलाओं और किशोरियों के लिए अहम फैसले
महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रस्ताव पर
किशोर कल्याण निधि योजना को 100% राज्य मद से जारी रखने, और घरेलू हिंसा से पीड़ित महिलाओं के लिए सहायता योजना को मंजूरी दी गई है।
समाज कल्याण बोर्ड और रोजगार योजनाएं
कैबिनेट में मध्यप्रदेश राज्य समाज कल्याण बोर्ड के कर्मचारियों के वेतन भुगतान व संविलियन को लेकर न्यायालय के आदेश के अनुसार निर्णय लिया गया। साथ ही मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक रोजगार उद्यम योजना को भी लगातार चलाने पर मुहर लगी।
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