
भोपाल। मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। भाजपा उम्मीदवार तरुण चुग और रजनीश अग्रवाल ने शनिवार को विधानसभा पहुंचकर अपना नामांकन दाखिल कर दिया। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। नामांकन के साथ ही भाजपा ने चुनावी मैदान में अपनी ताकत और संगठनात्मक एकजुटता का भी प्रदर्शन किया। अब आगे की रणनीति पर सभी की नजरें टिकी हैं।
नामांकन से पहले BJP कार्यालय में हुई अहम बैठक
नामांकन दाखिल करने से पहले प्रदेश भाजपा कार्यालय में पार्टी विधायकों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में राज्यसभा उम्मीदवार तरुण चुग और रजनीश अग्रवाल के अलावा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी मौजूद रहे। सूत्रों के अनुसार बैठक में चुनावी रणनीति, विधायकों के समन्वय और पार्टी की एकजुटता पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके बाद नेताओं ने नामांकन प्रक्रिया की तैयारी को अंतिम रूप दिया।
मंदिर में पूजा के बाद विधानसभा के लिए रवाना हुआ काफिला
बैठक समाप्त होने के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव, प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और दोनों उम्मीदवार भाजपा कार्यालय परिसर स्थित शिव एवं हनुमान मंदिर पहुंचे। यहां नेताओं ने पूजा-अर्चना कर जीत की कामना की और आशीर्वाद लिया। इसके बाद 15 से अधिक वाहनों के काफिले के साथ सभी नेता विधानसभा के लिए रवाना हुए। नामांकन के दौरान विधानसभा परिसर में भाजपा नेताओं और विधायकों की सक्रिय मौजूदगी ने पार्टी की तैयारियों को साफ तौर पर प्रदर्शित किया।
रिटर्निंग ऑफिसर कक्ष के बाहर दिखी भाजपा की एकजुटता
जब दोनों उम्मीदवार नामांकन दाखिल करने के लिए रिटर्निंग ऑफिसर के कक्ष में पहुंचे, तब बाहर भाजपा के कई वरिष्ठ विधायक एक साथ मौजूद रहे। पार्टी नेताओं की यह मौजूदगी राज्यसभा चुनाव को लेकर भाजपा की गंभीरता और संगठनात्मक मजबूती का संकेत मानी जा रही है। राजनीतिक गलियारों में भी इस शक्ति प्रदर्शन की चर्चा रही।
भूपेंद्र सिंह का बड़ा दावा, बोले- तीसरा उम्मीदवार उतारा तो भी जीतेंगे
नामांकन प्रक्रिया के दौरान खुरई से भाजपा विधायक और पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह ने पार्टी की स्थिति को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार है और पार्टी के पास पर्याप्त बहुमत तथा समर्थन मौजूद है। भूपेंद्र सिंह ने दावा किया कि यदि भाजपा तीसरा उम्मीदवार भी मैदान में उतारती है, तब भी उसकी जीत सुनिश्चित रहेगी। उनके इस बयान ने राज्यसभा चुनाव की राजनीतिक चर्चा को और तेज कर दिया है।
क्या संकेत दे रहा है बीजेपी का शक्ति प्रदर्शन?
राज्यसभा चुनाव में भाजपा की ओर से नामांकन के दौरान दिखाई गई एकजुटता को राजनीतिक संदेश के तौर पर भी देखा जा रहा है। मुख्यमंत्री से लेकर प्रदेश संगठन और विधायकों की सक्रिय भागीदारी यह संकेत देती है कि पार्टी चुनाव को पूरी गंभीरता से लड़ने की तैयारी में है।
पाठकों की राय (0)
इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

