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MP में महिला सशक्तिकरण योजनाओं को मिलेगी रफ्तार, मंत्री निर्मला भूरिया ने अधिकारियों के सेटअप में बदलाव के दिए निर्देश

24 जुल, 20260 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
MP में महिला सशक्तिकरण योजनाओं को मिलेगी रफ्तार, मंत्री निर्मला भूरिया ने अधिकारियों के सेटअप में बदलाव के दिए निर्देश
Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

भोपाल। प्रदेश में महिलाओं और बच्चों से जुड़ी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रशासनिक ढांचे में बदलाव की तैयारी शुरू हो गई है। विभागीय व्यवस्थाओं को अधिक प्रभावी बनाने के लिए मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया ने अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।


इस निर्णय का उद्देश्य मैदानी स्तर पर योजनाओं की निगरानी और अमल को मजबूत करना है। इसके तहत विकासखंड महिला सशक्तिकरण अधिकारियों के पदों का नया व्यवस्थापन किया जाएगा और विभागीय भर्ती नियमों की भी समीक्षा होगी।


महिला सशक्तिकरण अधिकारियों के पदों का होगा पुनर्व्यवस्थापन

महिला एवं बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया ने विभाग के द्वितीय श्रेणी राजपत्रित अधिकारियों यानी विकासखंड महिला सशक्तिकरण अधिकारियों के पदों के पारदर्शी और व्यवस्थित प्रबंधन के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों से यह प्रक्रिया जल्द पूरी करने को कहा गया है।


बढ़ते कार्यक्षेत्र को देखते हुए लिया गया निर्णय

मंत्री ने कहा कि विभाग का कार्यक्षेत्र लगातार बढ़ा है और नई योजनाओं के संचालन के कारण मैदानी अमले की जिम्मेदारी भी पहले से अधिक हो गई है। उन्होंने बताया कि एकीकृत बाल विकास सेवा और महिला सशक्तिकरण संचालनालय के एकीकरण के बाद भी योजनाओं के दायरे में कोई कमी नहीं की गई, बल्कि कई नई जनकल्याणकारी योजनाएं शुरू की गई हैं।


मुख्यमंत्री की प्राथमिकता के अनुरूप होगी व्यवस्था

मंत्री के अनुसार मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप मैदानी अमले का प्रभावी उपयोग सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसका उद्देश्य जमीनी स्तर पर पर्यवेक्षण और योजनाओं के क्रियान्वयन को अधिक मजबूत बनाना है।


किन-किन स्थानों पर शामिल होंगे पद

प्रशासनिक पुनर्व्यवस्थापन के तहत विकासखंड महिला सशक्तिकरण अधिकारियों के पदों को इन संस्थानों और कार्यालयों के सेटअप में शामिल किया जाएगा—

  • संचालनालय

  • महिला एवं बाल संरक्षण संस्थाएं

  • संभागीय कार्यालय

  • जिला कार्यालय

  • क्षेत्रीय समन्वय कार्यालय

  • प्रशिक्षण केंद्र


इसके अलावा विभिन्न आयोगों और निगमों में आवश्यकता के अनुसार कुछ पद प्रतिनियुक्ति (Deputation) के लिए भी आरक्षित रखे जाएंगे।


भर्ती नियमों की भी होगी समीक्षा

मंत्री निर्मला भूरिया ने विभागीय भर्ती नियमों की समीक्षा करने और पूरे विभागीय सेटअप को अधिक व्यवस्थित बनाने के निर्देश भी दिए हैं। साथ ही पदों के प्रतिस्थापन, प्रतिनियुक्ति के लिए आरक्षण और नए सेटअप में पदों को शामिल करने की प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने को कहा गया है।


प्रशासनिक स्तर पर क्या माना जा रहा है

प्रशासनिक विशेषज्ञों का मानना है कि इस कदम से विभागीय समन्वय बेहतर होगा। साथ ही कुपोषण नियंत्रण, बाल संरक्षण और महिला सशक्तिकरण से जुड़ी योजनाओं की निगरानी और उनका प्रभावी क्रियान्वयन मजबूत होने की संभावना है।

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