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उज्जैन में सीमेंस एनर्जी का बड़ा निवेश, 2,053 करोड़ की यूनिट से 1,500 से ज्यादा लोगों को रोजगार

16 सित, 20260 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
यह AI जनरेटेड फोटो है।

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Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

भोपाल। मध्यप्रदेश के उज्जैन में बड़े औद्योगिक निवेश की प्रक्रिया आगे बढ़ी है। सीमेंस एनर्जी इंडिया लिमिटेड विक्रम उद्योगपुरी फेज-2 में बड़ी क्षमता वाले पावर ट्रांसफार्मर बनाने की इकाई स्थापित करने जा रही है।


परियोजना के लिए मंगलवार को कंपनी को 60.49 एकड़ भूमि का आशय पत्र (Letter of Intent) सौंपा गया। प्रस्तावित निवेश करीब 2,053 करोड़ रुपए है और यूनिट शुरू होने के बाद 1,500 से अधिक लोगों को रोजगार मिलने की बात कही गई है।


कंपनी के अधिकारियों को सौंपा गया आशय पत्र

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंत्रालय में सीमेंस एनर्जी इंडिया लिमिटेड के अधिकारियों को भूमि का आशय पत्र प्रदान किया।


इस दौरान कंपनी के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी गुइल्हर्मे मेंडोंका, मुख्य वित्तीय अधिकारी हरीश शेखर और हेड-रियल एस्टेट पुनीत बंसल मौजूद रहे। मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास निगम लिमिटेड के प्रबंध संचालक चंद्रमौली शुक्ला भी कार्यक्रम में उपस्थित थे।


बड़ी क्षमता के पावर ट्रांसफार्मर बनेंगे

प्रस्तावित इकाई में बड़े क्षमता वाले पावर ट्रांसफार्मरों का निर्माण किया जाएगा। सीमेंस एनर्जी इंडिया के कारोबार में ऊर्जा उत्पादन, ट्रांसमिशन, औद्योगिक विद्युतीकरण, ऊर्जा भंडारण और डीकार्बोनाइजेशन से जुड़े क्षेत्र शामिल हैं।


इस परियोजना से देश की बिजली ट्रांसमिशन व्यवस्था के विस्तार और ऊर्जा क्षेत्र के आधुनिकीकरण से जुड़ी जरूरतों को पूरा करने में योगदान मिलने की बात कही गई है।


उज्जैन के औद्योगिक क्षेत्र को मिलेंगे नए अवसर

परियोजना के आने से केवल मुख्य विनिर्माण इकाई तक गतिविधियां सीमित रहने की बात नहीं है। प्रस्ताव के अनुसार सहायक उद्योगों, लॉजिस्टिक्स और सेवा क्षेत्र में भी अवसर पैदा होंगे।


विक्रम उद्योगपुरी फेज-2 में परियोजना के आगे बढ़ने के साथ औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है। उज्जैन और आसपास का क्षेत्र ऊर्जा उपकरण विनिर्माण से जुड़ी गतिविधियों के लिए विकसित होने की दिशा में आगे बढ़ेगा।


मुख्यमंत्री ने निवेश और रोजगार पर कही ये बात

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश उद्योगों के लिए अनुकूल नीतियों, बेहतर कनेक्टिविटी, उपलब्ध भूमि बैंक, औद्योगिक अधोसंरचना और निवेशक अनुकूल वातावरण के कारण निवेश के प्रमुख गंतव्यों में तेजी से उभर रहा है।


उन्होंने कहा कि राज्य सरकार औद्योगिक निवेश को तेजी से जमीन पर उतारने और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए हर संभव सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है।


ऊर्जा उपकरण विनिर्माण केंद्र बनाने की दिशा में कदम

मुख्यमंत्री के अनुसार सीमेंस एनर्जी की प्रस्तावित परियोजना मध्यप्रदेश को ऊर्जा उपकरण और विद्युत अवसंरचना विनिर्माण के क्षेत्र में आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।


उन्होंने कहा कि कंपनी का निवेश राज्य में उन्नत विनिर्माण, औद्योगिक विकास और कुशल रोजगार सृजन को गति देगा। परियोजना को मध्यप्रदेश की औद्योगिक प्रगति, आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य और ऊर्जा अधोसंरचना को मजबूत करने से भी जोड़ा गया है।

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