
भोपाल। मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड की ओर से ग्रामीण और सतत पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से संचालित नॉलेज टूरिज्म के तहत शासकीय महाविद्यालय तामिया के पर्यटन संकाय के विद्यार्थियों ने पर्यटन गांव गुमतरा का भ्रमण किया। 45 विद्यार्थियों ने दल ने गांव के भ्रमण के दौरान बैलगाड़ी की सवारी की और मिट्टी के बर्तन बनाए।
यह कार्यक्रम एमपीटीबी के निदेशक डॉ. डीपी सिंह के मार्गदर्शन में संस्था इंडियन ग्रामीण सर्विसेज और रिस्पॉन्सिबल ग्राम पर्यटन समिति गुमतरा के सहयोग से आयोजित किया गया। विद्यार्थियों ने पर्यटन गांव गुमतरा के भ्रमण के दौरान स्थानीय लोक नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देखीं। विद्यार्थियों ने होमस्टे प्रबंधन और सामुदायिक सहभागिता के बारे में भी जानकारी प्राप्त की।
शैक्षणिक भ्रमण में 5 प्राध्यापकों सहित 45 छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की। विद्यार्थियों ने गांव के जीवन, संस्कृति, खान-पान और पर्यटन संचालन को करीब से समझा। भ्रमण के दौरान उन्हें एग्रो-टूरिज्म तथा ‘फार्म टू प्लेट’ की अवधारणा की जानकारी दी गई।
गांव में 10 होमस्टे पर्यटकों के लिए तैयार
गुमतरा गांव पेंच टाइगर रिजर्व के जमतरा गेट से मात्र 12 किलोमीटर और छिंदवाड़ा से 55 किलोमीटर दूर स्थित है। यहां वर्तमान में 10 होमस्टे पर्यटकों के लिए तैयार हैं। ये होमस्टे न केवल शैक्षणिक भ्रमण, बल्कि छोटे समारोह, जन्मदिन और प्री-वेडिंग शूट के लिए भी उपयुक्त हैं।
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स को भी आमंत्रित किया
मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के प्रतिनिधियों के मुताबिक ज्ञान पर्यटन के माध्यम से विद्यार्थी किताबों से बाहर निकलकर जमीनी स्तर पर पर्यटन को समझ सकेंगे। गुमतरा जैसे गांव स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी पैदा कर रहे हैं। पर्यटन बोर्ड ने इस यात्रा को कवर करने के लिए सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स को भी आमंत्रित किया है, जिससे गुमतरा की ग्रामीण सुंदरता और आतिथ्य को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जा सके।
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