
भोपाल। ऑनलाइन अपराधों में तेजी से उभरते ‘सेक्सटॉर्शन’ (sextortion) के मामलों ने साइबर पुलिस की चिंता बढ़ा दी है। लगातार बढ़ती शिकायतों को देखते हुए साइबर क्राइम पुलिस कमिश्नरेट ने नागरिकों के नाम विशेष अलर्ट जारी किया है। पुलिस के अनुसार अपराधी फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल और अश्लील वीडियो कॉल के माध्यम से ब्लैकमेलिंग कर लोगों से पैसे ऐंठ रहे हैं।
क्या है सेक्सटॉर्शन?
सेक्सटॉर्शन ऐसा अपराध है जिसमें बदमाश किसी व्यक्ति की निजी, आपत्तिजनक या एडिट की गई फोटो और वीडियो को सार्वजनिक करने की धमकी देकर पैसे या अन्य फायदे मांगते हैं। अपराधियों का लक्ष्य अक्सर सोशल मीडिया के सक्रिय उपयोगकर्ता, युवा, नौकरीपेशा व्यक्ति और यहां तक कि वरिष्ठ नागरिक भी होते हैं।
कैसे फंसाते हैं अपराधी?
पुलिस के अनुसार अपराधी पहले नकली प्रोफाइल बनाकर दोस्ती करते हैं और अचानक वीडियो कॉल करके अश्लील कंटेंट दिखाते हैं। उसके बाद कॉल रिकॉर्ड कर या एडिटेड वीडियो बनाकर पीड़ित को भेजते हैं। फिर परिवार, सोशल मीडिया और दोस्तों के बीच वीडियो वायरल करने की धमकी देकर पैसों की मांग करते हैं।
सेक्सटॉर्शन से कैसे बचें — पुलिस की सलाह
सेक्सटॉर्शन से बचाव के लिए पुलिस ने कुछ मुख्य सावधानियाँ अपनाने की अपील की है—
➡️ अनजान लोगों से निजी फोटो या वीडियो साझा न करें।
संदिग्ध प्रोफाइल, लिंक या वीडियो कॉल को तुरंत ब्लॉक करें।
➡️ ब्लैकमेलरों को पैसे हर हाल में न भेजें, क्योंकि भुगतान से मांग और बढ़ जाती है।
➡️ सभी चैट, रिकॉर्डिंग और स्क्रीनशॉट सबूत के रूप में सुरक्षित रखें।
➡️ घबराएं नहीं, तुरंत शिकायत दर्ज करें — पहचान गोपनीय रखी जाती है।
कहां करें शिकायत?
साइबर क्राइम पुलिस ने सेक्सटॉर्शन केस में पीड़ितों के लिए तुरंत संपर्क करने हेतु हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं:
भोपाल साइबर क्राइम हेल्पलाइन: 9479990636
राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन: 1930
इसके अतिरिक्त ऑनलाइन शिकायत भी की जा सकती है:
www.cybercrime.gov.in
पुलिस की चेतावनी
पुलिस ने स्पष्ट संदेश देते हुए कहा है कि, “सेक्सटॉर्शन के मामलों में चुप न रहें, तुरंत शिकायत करें। पैसे भेजने से अपराध और बढ़ता है।” साइबर पुलिस ने लोगों से सतर्क रहने और सोशल मीडिया पर अनजान प्रोफाइल से दूर रहने की अपील की है।
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