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व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है प्रशिक्षण: मंगुभाई पटेल

15 जन, 20260 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
Governor Mangubhai Patel

Governor Mangubhai Patel

Hitesh Kumar Singh
डेस्क रिपोर्टर
Hitesh Kumar Singh

भोपाल। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने गुरुवार को लोकभवन में सशस्त्र सीमा बल के प्रशिक्षु सहायक कमांडेंट्स को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण, अधिकारियों को सशस्त्र सीमा बल के लिए केवल अधिकारी नहीं, बल्कि एक जिम्मेदार, संवेदनशील और सजग राष्ट्र-प्रहरी के रूप में तैयार करने का समन्वित प्रयास है। प्रशिक्षण, व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। 

राज्यपाल ने कहा कि प्रशिक्षण सभी प्रशिक्षणार्थियों को एकदूसरे के राज्य की संस्कृति, विशेषताओं और विविधताओं को समझने का अवसर प्रदान करता है। विविधता में एकता की भावना को मजबूत करता है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षु अपने राज्य की विशिष्टताओं की अनुभूतियों और प्रशिक्षण के निर्देशों का देश हित में उपयोग कर, “एक भारत-श्रेष्ठ भारत” के निर्माण में योगदान दें। राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी भी मौजूद थे।

 

राज्यपाल का एसएसबी के निदेशक बीएस जायसवाल ने पौधा भेंट कर स्वागत किया। प्रशिक्षण कार्यक्रम की विस्तार से जानकारी दी। प्रशिक्षु अधिकारी अनुष्का मनियारा और अनुराग भार्गव ने प्रशिक्षण में अनुभवों को साझा किया। कमांडेंट प्रशिक्षण सुवर्णा सजवाल ने आभार व्यक्त किया। कोर्स डायरेक्टर डिप्टी कमांडेंट प्रशिक्षण रोहित शर्मा ने कार्यक्रम का संचालन किया। कार्यक्रम में राज्यपाल के अपर सचिव उमाशंकर भार्गव, लोकभवन और एसएसबी के अधिकारी-कर्मचारी एवं प्रशिक्षु अधिकारी उपस्थित थे।   

 

वर्दी केवल पहचान नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के सम्मान का प्रतीक है

राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने प्रशिक्षणार्थियों से कहा कि वह सभी उन सौभाग्यशाली लोगों में शामिल हैं, जिन्हें सशस्त्र सीमा बल का हिस्सा बनकर मां भारती की सेवा का अवसर मिला है। उनकी वर्दी केवल पहचान नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के सम्मान का प्रतीक है। इसी वर्दी के साये में देशवासी स्वयं को सुरक्षित महसूस करते हैं। वह जब अपने परिवार से दूर सीमाओं पर तैनात होकर देश की रक्षा करते हैं, तभी हर देशवासी चैन और शांति की नींद सो पाता है। उन्होंने कहा कि ईमानदारी, निष्पक्षता और संवेदनशीलता के साथ कर्तव्यों का पालन करने वाले अधिकारी ही समाज में विश्वास और सम्मान अर्जित करते हैं। 

 

राष्ट्र प्रहरी के रूप में आपके निर्णय और कार्य अत्यंत महत्वपूर्ण 

राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान समय में देश के समक्ष आंतरिक सुरक्षा, सीमा प्रबंधन, नक्सलवाद,  तस्करी, साइबर अपराध और असामाजिक गतिविधियां जैसी अनेक महत्वपूर्ण चुनौतियां है। राष्ट्र प्रहरी के रूप में आपके निर्णय और कार्य अत्यंत महत्वपूर्ण है। अपनी प्रतिभा से सीमा सुरक्षा प्रबंधन में आधुनिक तकनीक, व्यावसायिक ज्ञान, शारीरिक और मानसिक सक्रियता के नए मानक स्थापित करे। यह सुनिश्चित होना चाहिए कि असामाजिक और राष्ट्र-विरोधी तत्वों पर कठोरता से नियंत्रण करें। राज्यपाल ने कहा कि वरिष्ठ अधिकारियों का निरंतर मार्गदर्शन प्राप्त कर, उनके अनुभवों से सीखें और अपने ज्ञान को सहकर्मियों के साथ साझा भी करें।  





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