
नई दिल्ली। भारत को विश्व की इलेक्ट्रिक मोबिलिटी राजधानी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल गई है। इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ इलेक्ट्रिक व्हीकल एसोसिएशन (आईएफईवीए) के अध्यक्ष डॉ. राजीव मिश्रा के नेतृत्व में राष्ट्रीय ईवी पार्क का रोडमैप तैयार करने की दिशा में निर्णायक कदम बढ़ाया गया है।
आईएफईवीए और एमईआरआई कॉलेज के संयुक्त तत्वावधान में 1 अगस्त को नई दिल्ली में राष्ट्रीय ईवी पार्क राउंड टेबल मीट आयोजित किया गया। इसमें देशभर के 100 से अधिक ईवी उद्योग प्रतिनिधियों, उद्योगपतियों, तकनीकी विशेषज्ञों, निवेशकों, शिक्षाविदों एवं वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। इनमें 40–50 से अधिक एमएसएमई कंपनियों के संस्थापक एवं वरिष्ठ प्रतिनिधि शामिल रहे।
बैठक में भारत के पहले एकीकृत राष्ट्रीय ईवी पार्क के विकास का प्रस्ताव रखा गया। उद्देश्य देश के तेजी से बढ़ते ईवी उद्योग को एक साझा विश्वस्तरीय औद्योगिक, तकनीकी एवं नवाचार मंच उपलब्ध कराना रहा। कार्यक्रम में सुनील भटनागर, निदेशक, स्विच लैब, शिशिर अग्रवाल, निदेशक, शिघन ऑटो, रंजन वर्श्नेय, एनटीपीसी, प्रवीण सूद, रेग्नेंट एनर्जी सहित अनेक उद्योग विशेषज्ञ व वरिष्ठ प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय ईवी पार्क देश के ईवी भविष्य का इंजन बनेगा: डॉ. राजीव
आईएफईवीए के अध्यक्ष डॉ. राजीव मिश्रा ने कहा कि राष्ट्रीय ईवी पार्क देश के ईवी भविष्य का इंजन बनेगा। यह एक औद्योगिक क्षेत्र नहीं होगा, बल्कि यह मैन्युफैक्चरिंग, बैटरी टेक्नोलॉजी, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, टेस्टिंग, आरएंडडी, स्किल डेवलपमेंट, स्टार्टअप्स और इन्वेस्टमेंट को एक ही इकोसिस्टम में जोड़ने वाला राष्ट्रीय केंद्र बनेगा। आईएफईवीए का लक्ष्य है कि इस पहल के माध्यम से भारत में ईवी उद्योग के लिए “डिज़ाइन इन इंडिया, डेवलप इन इंडिया, मैन्युफैक्चर इन इंडिया और स्केल फॉर द वर्ल्ड” की दिशा में एक मजबूत आधार तैयार किया जाए।
हरित ऊर्जा व कौशल विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम: कमलजीत सहरावत
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि लोकसभा सांसद कमलजीत सहरावत ने राष्ट्रीय ईवी पार्क जैसी पहल को भारत की इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, स्वदेशी विनिर्माण, हरित ऊर्जा एवं कौशल विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने सरकार, उद्योग एवं शिक्षण संस्थानों के बीच मजबूत सहयोग की आवश्यकता पर बल दिया।
राउंड टेबल मीट में ईवी उद्योग के इन क्षेत्रों को एकीकृत रूप से विकसित करने का प्रस्ताव
. इलेक्ट्रिक व्हीकल मैन्युफैक्चरिंग
. बैटरी मैन्युफैक्चरिंग एवं बैटरी टेक्नोलॉजी
. बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम्स (बीईएसएस)
. ईवी चार्जिंग एवं बैटरी स्वैपिंग
. टेस्टिंग, सर्टिफिकेशन एवं कैलिब्रेशन
. रिसर्च एंड डेवलपमेंट (आरएंडडी)
. स्टार्टअप एवं इनोवेशन इन्क्यूबेशन
. स्किल डेवलपमेंट एवं ट्रेनिंग
. ऑटो कंपोनेंट्स एवं एमएसएमई मैन्युफैक्चरिंग
. बैटरी रीसाइक्लिंग एवं सर्कुलर इकोनॉमी
. इन्वेस्टमेंट एवं इंडस्ट्री पार्टनरशिप्स
. इंडस्ट्री–अकादेमिया कोलैबोरेशन
एमईआरआई कॉलेज के साथ मिलकर विकसित होगा राष्ट्रीय ईवी पार्क
बैठक में आईएफईवीए और एमईआरआई कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी, समपला, बहादुरगढ़ (झज्जर), हरियाणा के सहयोग से राष्ट्रीय ईवी पार्क विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया। आईएफईवीए के अनुसार राउंड टेबल मीट में उद्योग जगत से प्राप्त सुझावों को राष्ट्रीय ईवी पार्क की डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट में शामिल किया जाएगा।
विश्वस्तरीय ईवी इकोसिस्टम का निर्माण करना हमारा उद्देश्य : डॉ. शैलेंद्र सरोज
आईएफईवीए के संस्थापक व गवर्निंग काउंसिल के सदस्य डॉ. शैलेंद्र सरोज ने कहा कि राष्ट्रीय ईवी पार्क केवल एक औद्योगिक परियोजना नहीं, बल्कि भारत को इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, हरित ऊर्जा और स्वदेशी विनिर्माण के क्षेत्र में वैश्विक नेतृत्व दिलाने का एक राष्ट्रीय मिशन है। हमारा उद्देश्य उद्योग, सरकार, शिक्षण संस्थानों, अनुसंधान संगठनों और निवेशकों को एक साझा मंच पर लाकर विश्वस्तरीय ईवी इकोसिस्टम का निर्माण करना है।
राष्ट्रीय ईवी पार्क मिशन में सक्रिय भागीदारी का किया गया आह्वान
आईएफईवीए ने देशभर के ईवी मैन्युफैक्चरर्स, बैटरी एवं चार्जर कंपनियों, ऑटो कंपोनेंट मैन्युफैक्चरर्स, एमएसएमई, स्टार्टअप्स, निवेशकों, विश्वविद्यालयों, अनुसंधान संस्थानों एवं टेक्नोलॉजी कंपनियों से राष्ट्रीय ईवी पार्क मिशन में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया है। आईएफईवीए ने केंद्र एवं राज्य सरकारों से भी इस परियोजना को नीतिगत, संस्थागत, वित्तीय एवं अवसंरचनात्मक सहयोग प्रदान करने का आग्रह किया है।
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