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नीतीश मंत्रिमंडल का बड़ा विस्तार: चुनावी मैदान में BJP के 7 नए योद्धा, मैथिली में शपथ लेकर बटोरी सुर्खियां!

26 फ़र, 20250 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
नीतीश मंत्रिमंडल का बड़ा विस्तार: चुनावी मैदान में BJP के 7 नए योद्धा, मैथिली में शपथ लेकर बटोरी सुर्खियां!

नीतीश मंत्रिमंडल का बड़ा विस्तार: चुनावी मैदान में BJP के 7 नए योद्धा, मैथिली में शपथ लेकर बटोरी सुर्खियां!

Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

पटना। बिहार विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंत्रिमंडल विस्तार कर सियासी पासा फेंक दिया है।

 बुधवार, 26 फरवरी को पटना स्थित राजभवन में 7 BJP विधायकों ने मंत्री पद की शपथ ली। दरभंगा से विधायक संजय सरावगी ने मैथिली भाषा में शपथ लेकर सांस्कृतिक जुड़ाव का संदेश दिया।


जातीय समीकरण: सभी वर्गों को साधने की कोशिश

➡️ 2 मंत्री वैश्य समाज से

➡️ भूमिहार, राजपूत और अति पिछड़ा वर्ग से 1-1 विधायक को कैबिनेट में जगह

➡️ लवकुश समीकरण पर खास फोकस

कौन बने मंत्री? जानिए नए चेहरों के बारे में

मंत्री का नाम

क्षेत्र

प्रमुख उपलब्धियां

संजय सारावगी

दरभंगा

मैथिली में शपथ, एम्स और मखाना बोर्ड की पहल

कृष्ण कुमार मंटू

सारण

पूर्व JDU विधायक, अब BJP में मंत्री

राजू कुमार सिंह

साहेबगंज, मुजफ्फरपुर

लोजपा, जदयू और VIP का अनुभव, BJP में मंत्री पद की शपथ


BJP का चुनावी दांव: मंत्रिमंडल में किसे क्या मिला?

नीतीश मंत्रिमंडल में अब कुल 30 मंत्री हो गए हैं, जिनमें से:

➡️ BJP से 15 मंत्री

➡️ JDU कोटे से 13 मंत्री

➡️ हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) से 1 मंत्री

➡️ निर्दलीय विधायक सुमित कुमार सिंह भी कैबिनेट का हिस्सा हैं।


बिहार विधानसभा में 243 सीटें हैं, जहां संविधान के मुताबिक 35 मंत्री बनाए जा सकते हैं। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल के इस्तीफे के बाद 7 पद खाली थे, जिन्हें BJP कोटे से भरा गया है।


कैबिनेट विस्तार का चुनावी संदेश: BJP का मास्टरस्ट्रोक?

➡️ मंत्रिमंडल में जातीय संतुलन से वोट बैंक साधने की कोशिश।

➡️ मैथिली भाषा में शपथ लेकर स्थानीय संस्कृति का सम्मान।

➡️ लवकुश समीकरण के जरिए कुशवाहा और लव समुदाय को लुभाने का प्रयास।

➡️ पूर्वी बिहार और मिथिलांचल में BJP-JDU गठबंधन को मजबूती।


चुनावी तैयारियों में जुटे NDA के रणनीतिकार!

➡️ राजनीतिक जानकारों का कहना है कि BJP का यह कदम चुनावी नतीजों में असर डाल सकता है।

➡️ जातीय संतुलन, सांस्कृतिक जुड़ाव और क्षेत्रीय पहचान को उजागर करना NDA की चुनावी रणनीति का हिस्सा है।

➡️ अब देखना दिलचस्प होगा कि विधानसभा चुनाव में जनता का मूड किस तरफ झुकता है और क्या BJP का यह दांव कामयाब होता है?


बिहार का सियासी पारा चढ़ा, चुनावी जंग के लिए सभी दल तैयार!

➡️ नीतीश कुमार का मंत्रिमंडल विस्तार और BJP का जातीय समीकरण साधने का प्रयास बिहार की चुनावी राजनीति में नई हलचल पैदा कर चुका है।

➡️ जनता की प्रतिक्रिया और चुनावी नतीजे ही तय करेंगे कि यह राजनीतिक चाल कितनी सफल होती है।

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