बुधवार, 15 अप्रैल 2026
Logo
National

‘प्रधानमंत्री की हार पर खुशी मतलब भारत की हार’, पाकिस्तान की बदलती रणनीति पर शशि थरूर का बड़ा अलर्ट

27 दिस, 20250 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
‘प्रधानमंत्री की हार पर खुशी मतलब भारत की हार’, पाकिस्तान की बदलती रणनीति पर शशि थरूर का बड़ा अलर्ट

‘प्रधानमंत्री की हार पर खुशी मतलब भारत की हार’, पाकिस्तान की बदलती रणनीति पर शशि थरूर का बड़ा अलर्ट

Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

नई दिल्ली। देश की विदेश नीति पर राजनीति करने वालों को शशि थरूर ने कड़ा आईना दिखाया है। कांग्रेस सांसद थरूर ने साफ कहा कि विदेश नीति न भाजपा की होती है और न कांग्रेस की, यह सिर्फ और सिर्फ भारत की होती है। अगर कोई प्रधानमंत्री की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हार पर खुश होता है तो वह असल में भारत की हार का जश्न मना रहा होता है। पंडित जवाहरलाल नेहरू के शब्दों को याद करते हुए थरूर ने कहा – “अगर भारत मर गया, तो कौन जिएगा?”


पाकिस्तान की बदलती सैन्य रणनीति, भारत के लिए बड़ा खतरा

इंडिया टुडे से बातचीत में थरूर ने पाकिस्तान से मिलने वाले खतरों को गंभीर बताया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान अब सिर्फ ड्रोन या रॉकेट हमलों तक सीमित नहीं रहा है, बल्कि वह हाइपरसोनिक मिसाइल तकनीक और छिपकर हमला करने की रणनीति पर काम कर रहा है। थरूर के मुताबिक, पाकिस्तान पहले भी ड्रोन, रॉकेट और मिसाइल हमलों का इस्तेमाल कर चुका है और अब और खतरनाक हथियार प्रणालियों की ओर बढ़ रहा है। यह ऐसी स्थिति नहीं है, जिसे भारत हल्के में ले सके।


“पाकिस्तान में नाम की सरकार, असली ताकत सेना के पास”

पाकिस्तान की आंतरिक स्थिति पर थरूर ने उसे एक “बेहद समस्याग्रस्त देश” बताया। उन्होंने कहा कि वहां नागरिक सरकार केवल दिखावे के लिए है, असली फैसले सेना करती है। नीति निर्धारण में सेना का दबदबा रहता है और वही यह तय करती है कि देश किस दिशा में जाएगा।


थरूर की 7 बड़ी बातें

1. कमजोर अर्थव्यवस्था, खतरनाक इरादे

थरूर ने बताया कि पाकिस्तान की जीडीपी ग्रोथ सिर्फ 2.7% है, जबकि भारत 7% या उससे अधिक की दर से आगे बढ़ रहा है। पाकिस्तान की खराब आर्थिक हालत उसे जोखिम भरे कदम उठाने के लिए उकसा सकती है।

2. भारत से मुकाबले की कोशिश

पाकिस्तान अब टेक्सटाइल और कृषि जैसे उन क्षेत्रों में आगे बढ़ने की कोशिश कर रहा है, जहां भारत पहले से मजबूत है। इससे क्षेत्रीय बाजारों में प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है।

3. अमेरिका और क्रिप्टो डील

थरूर ने खुलासा किया कि पाकिस्तान ने अमेरिका को अपने खनिज संसाधनों तक पहुंच का प्रस्ताव दिया है। इसके अलावा अपनी क्रिप्टोकरेंसी से जुड़ा कारोबार ऐसी कंपनी को सौंपा गया है, जिसका संबंध जैकरी विटकॉफ और डोनाल्ड ट्रम्प के बेटों से बताया जा रहा है।

4. दुनिया बदल रही है, रणनीति भी बदले

उन्होंने कहा कि वैश्विक हालात तेजी से बदल रहे हैं। सवाल यह नहीं कि किसे काबू किया जाए, बल्कि यह है कि उन देशों से कैसे निपटा जाए जिन्हें नियंत्रित करना आसान नहीं है।

5. बांग्लादेश में अस्थिरता

थरूर ने बांग्लादेश की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि वहां ऊर्जा संकट, महंगाई और निवेशकों के भरोसे में गिरावट देखने को मिल रही है।

6. भारत विरोधी साजिशें

बांग्लादेश और पाकिस्तान के बीच रक्षा समझौतों की चर्चा यह संकेत देती है कि बांग्लादेश भारत को दुश्मन के रूप में पेश करने की कोशिश कर रहा है। कुछ तत्व खुले तौर पर भारत के पूर्वोत्तर राज्यों को अलग करने की धमकी दे रहे हैं।

7. भारत के लिए क्यों जरूरी है स्थिर बांग्लादेश

थरूर ने कहा कि भारत ने बांग्लादेश के लिए बंदरगाह, रेल और ऊर्जा ग्रिड जैसी कनेक्टिविटी योजनाएं प्रस्तावित की हैं, जो उसके हित में हैं। लेकिन यह सब तभी सफल होगा जब बांग्लादेश स्थिर रहेगा, वरना वह भारत की “सॉफ्ट अंडरबेली” बन सकता है।


विदेश नीति पर एकजुट रहने की अपील

थरूर के इस बयान ने साफ कर दिया है कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की मजबूती के लिए राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर सोचना होगा। क्योंकि विदेश नीति में अगर भारत कमजोर पड़ा, तो नुकसान किसी एक पार्टी का नहीं बल्कि पूरे देश का होगा।

पाठकों की राय (0)

इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

अपनी प्रतिक्रिया दें