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भारत की बढ़ी परमाणु ताकत! 190 हुए न्यूक्लियर हथियार, पहली बार 12 मोर्चे पर तैनात

09 जून, 20260 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
भारत की बढ़ी परमाणु ताकत! 190 हुए न्यूक्लियर हथियार, पहली बार 12 मोर्चे पर तैनात
Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

नई दिल्ली। भारत की रणनीतिक सैन्य क्षमता को लेकर एक बड़ा दावा सामने आया है। स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (SIPRI) की 2026 रिपोर्ट के अनुसार, भारत ने पहली बार 12 परमाणु हथियार सक्रिय मोर्चे पर तैनात किए हैं। इसके साथ ही देश का अनुमानित परमाणु भंडार 180 से बढ़कर 190 हो गया है। हालांकि भारत सरकार अपनी परमाणु क्षमता के आधिकारिक आंकड़े सार्वजनिक नहीं करती। SIPRI जैसी अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं उपलब्ध सूचनाओं और स्वतंत्र आकलन के आधार पर अनुमान जारी करती हैं।


दुनिया में तेज हुई परमाणु हथियारों की दौड़

SIPRI इयरबुक 2026 के मुताबिक दुनिया एक नए परमाणु प्रतिस्पर्धा के दौर में प्रवेश कर चुकी है। अमेरिका, रूस, चीन, भारत और पाकिस्तान सहित सभी परमाणु संपन्न देश अपने हथियारों और डिलीवरी सिस्टम को लगातार आधुनिक बना रहे हैं। रिपोर्ट के अनुसार, 2026 की शुरुआत तक दुनिया के 9 देशों के पास कुल 12,187 परमाणु हथियार हैं। इनमें से 9,745 हथियार सैन्य भंडार में तैयार स्थिति में रखे गए हैं।


भारत, पाकिस्तान और चीन की स्थिति

रिपोर्ट में भारत के अनुमानित परमाणु हथियारों की संख्या 190, पाकिस्तान की 170 और चीन की 620 बताई गई है। SIPRI का कहना है कि भारत ने पहली बार सीमित संख्या में परमाणु हथियारों को तैनात किया है, जबकि पाकिस्तान के तैनात हथियारों की संख्या स्पष्ट नहीं है।


रक्षा खर्च में दुनिया का पांचवां सबसे बड़ा देश

रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में भारत का रक्षा बजट बढ़कर 92.1 अरब डॉलर पहुंच गया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 8.9% अधिक है। रक्षा खर्च के मामले में भारत से आगे केवल अमेरिका, चीन, रूस और जर्मनी हैं। इसके अलावा 2021-25 के दौरान भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा हथियार आयातक भी रहा।


चीन तक पहुंचने वाली मिसाइलों पर फोकस

रिपोर्ट के मुताबिक भारत लंबी दूरी की ऐसी मिसाइलों और हथियार प्रणालियों पर तेजी से काम कर रहा है, जिनकी पहुंच चीन के दूरस्थ इलाकों तक हो सके। इसके साथ ही भारत MIRV (Multiple Independently Targetable Reentry Vehicle) तकनीक विकसित कर रहा है, जिसके जरिए एक बैलिस्टिक मिसाइल से कई अलग-अलग लक्ष्यों पर परमाणु वार किए जा सकते हैं।


समुद्र में भी मजबूत हुई भारत की ताकत

रिपोर्ट में भारत की समुद्री परमाणु क्षमता को भी महत्वपूर्ण बताया गया है। INS अरिहंत जैसी परमाणु पनडुब्बियां अब भारत की Second Strike Capability को मजबूत बना रही हैं। SIPRI का अनुमान है कि भारत शांतिकाल में भी सीमित संख्या में परमाणु हथियारों को बैलिस्टिक मिसाइल पनडुब्बियों पर तैनात करने लगा है।


ऑपरेशन सिंदूर का भी जिक्र

SIPRI रिपोर्ट में मई 2025 के भारत-पाकिस्तान सैन्य तनाव और ऑपरेशन सिंदूर का भी उल्लेख किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार, इस संघर्ष के दौरान दोनों देशों ने पहली बार खुले तौर पर साइबर ऑपरेशन और डिजिटल युद्ध तकनीकों का इस्तेमाल किया। हालांकि दोनों देशों ने हालात को पूर्ण युद्ध में बदलने से रोक लिया।


अमेरिका और रूस के पास सबसे ज्यादा परमाणु हथियार

रिपोर्ट के मुताबिक दुनिया के करीब 86% परमाणु हथियार अभी भी अमेरिका और रूस के पास हैं। साथ ही अमेरिका, रूस और फ्रांस ऐसे तीन देश हैं जिन्होंने अपने कुछ पुराने परमाणु हथियारों को सेवा से बाहर भी किया है। दूसरी ओर चीन, भारत और अन्य परमाणु संपन्न देश अपने परमाणु भंडार और मिसाइल प्रणालियों का लगातार विस्तार कर रहे हैं।

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