
नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव में लगभग तीन महीने का वक्त बचा है। सियासी दल पूरी तरह से चुनावी मोड में हैं। बीजेपी हो या कांग्रेस दोनों ने 2024 फतह का रोड मैप तैयार कर लिया है । बीजेपी जहां देश में धर्ममय माहौल बना रही है। वहीं कांग्रेस कल से भारत जोड़ो न्याय यात्रा की शुरूआत करने जा रही है। 14 जनवरी को इसकी शुरूआत कांग्रेस मणिपुर से करेगी।
आखिर कांग्रेस ने न्याय यात्रा के आगाज के लिए मणिपुर को क्यों चुना। इसके जरिये पार्टी देश में क्या संदेश देना चाहती है। मणिपुर वो जगह है जहां पिछले साल बड़े स्तर पर दंगे भड़के थे। मणिपुर में मैतेई और कुकी के बीच जातीय संघर्ष से भड़का था। इन झड़पों में सैकड़ों लोग मारे गए और हजारों लोग बेघर हुए थे।
वहीं अगर बीजेपी की बात करें तो वो पूरे देश में राममय माहौल बनाकार चुनावी दंगल में उतरने की तैयारी में है।इसके लिए भारतीय जनता पार्टी ने पूरी तैयारी कर ली है वो राम के नाम पर ही चुनावी वैतरणी में उतरने जा रही है।
अयोध्या मंदिर में भगवान राम की मूर्ति की 22 जनवरी को होने वाली प्राण प्रतिष्ठा के लिए कार्यक्रम की शुरूआत 16 जनवरी से हो रही है। इसी के साथ ही देश के कई राज्यों के मंदिरों में राम कीर्तन के साथ अन्य धार्मिक गतिविधियां भी शुरू हो जाएगी। एक तरफ धर्म और धार्मिक नगरी और दूसरी तरफ दंगों की याद से चुनावी शंखनाद।
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