N
डेस्क रिपोर्टर
साल 2021 का आखिरी चंद्र ग्रहण 19 नवंबर को लगेगा। यह चंद्र ग्रहण 580 वर्षों बाद सबसे लंबी अवधि का होगा। यह ग्रहण भारत में सिर्फ इम्फाल में दिखाई देगा। यह ग्रहण 6 घंटे 02 मिनट का होगा। चंद्रमा का 98% हिस्सा ग्रहण के दायरे में रहेगा।
बेंगलुरु से सेवानिवृत्त खगोल विज्ञानी प्रो. आरसी कपूर ने बताया कि, भारत में दिन की रोशनी के कारण देश के अधिकतर हिस्सों में इस ग्रहण को नहीं देखा जा सकेगा। मणिपुर की राजधानी इम्फाल के सीमावर्ती क्षेत्र में शाम को चंद्रमा पर एक पतली सी लकीर के रूप यह ग्रहण दिखाई देगा।
उपछाया वाला यह ग्रहण भारतीय समयानुसार सुबह 11:32 से शुरू जाएगा और छाया वाला आंशिक ग्रहण दोपहर 12:49 बजे से शुरू होगा। दोपहर 2:33 बजे ग्रहण चरम सीमा पर होगा। इस ग्रहण में चंद्रमा का 98 फीसद हिस्सा ग्रहण की चपेट में होगा। फिर इसके बाद ग्रहण छंटना शुरू हो जाएगा। शाम 4:17 बजे चंद्रमा छाया वाले ग्रहण से निकल जाएगा। फिर उपछाया वाला ग्रहण 5:34 बजे खत्म हो जाएगा। भारत मे यह ग्रहण करीबन एक घंटा सात मिनट तक रहेगा।
इसलिए होगा लंबी अवधि का ग्रहण
आर्यभट्ट प्रेक्षण विज्ञान शोध संस्थान (एरीज) के वरिष्ठ विज्ञानी डॉ. शशिभूषण पांडेय ने जानकारी दी कि, यह ग्रहण 580 सालों के बाद इतना लम्बा लगने जा रहा है। साथ ही उन्होंने बताया कि, 19 नवंबर को चंद्रमा व धरती के बीच ज्यादा दूरी के होने के कारण यह ग्रहण लंबी अवधि का होगा। पृथ्वी से दूर होने कि वजह से चंद्रमा की गति काफी कम रहेगी।
किन देशों में दिखेगा चंद्र ग्रहण
19 नवंबर को लगने वाला यह चंद्र ग्रहण दुनिया के ज्यादातर हिस्सों में दिखाई देगा। जिनमे से आस्ट्रेलिया, यूरोप, उत्तरी अफ्रीका, एशिया, उत्तरी अमेरिका, दक्षिणी अमेरिका, अंटार्कटिका महासागर,प्रशांत महासागर और हिद महासागर क्षेत्र शामिल हैं।
पाठकों की राय (0)
इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

