बुधवार, 13 मई 2026
Logo
National

144 वोटों से पास हुई विजय सरकार, उदयनिधि बोले- Reel नहीं Real गवर्नेंस करें

13 मई, 20260 व्यूज4 मिनट पढ़ाई
144 वोटों से पास हुई विजय सरकार, उदयनिधि बोले- Reel नहीं Real गवर्नेंस करें
Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

तमिलनाडु विधानसभा में मुख्यमंत्री Vijay की सरकार ने फ्लोर टेस्ट जीत लिया। विश्वास प्रस्ताव के पक्ष में 144 वोट पड़े, जबकि विरोध में सिर्फ 22 विधायक खड़े नजर आए। वोटिंग के दौरान 5 विधायक गैरमौजूद रहे। हालांकि इस जीत के बाद भी राज्य की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।


AIADMK बागियों के समर्थन से बढ़ा विवाद

फ्लोर टेस्ट में TVK सरकार को AIADMK के कुछ बागी विधायकों का भी समर्थन मिला। इसी मुद्दे पर विपक्ष ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया। विपक्ष के नेता Udhayanidhi Stalin ने सवाल उठाते हुए कहा कि यह राजनीतिक बदलाव है या फिर सौदेबाजी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार साफ-सुथरी राजनीति का दावा कर रही है, लेकिन उसके कदम अलग तस्वीर दिखा रहे हैं।


उदयनिधि का तंज- Reel नहीं, Real गवर्नेंस करें

उदयनिधि स्टालिन ने सदन में कहा कि सरकार को इंस्टाग्राम Reel वाली राजनीति छोड़कर जमीन पर काम करना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि TVK के पास अपने दम पर बहुमत नहीं था। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री विजय ने भरोसे की कमी के कारण दो सीटों से चुनाव लड़ा और बाद में एक सीट छोड़ दी।


विजय बोले- हॉर्स ट्रेडिंग नहीं होगी

आरोपों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि उनकी सरकार “सेक्युलर तरीके से घोड़े की रफ्तार” से काम करेगी, लेकिन हॉर्स ट्रेडिंग का हिस्सा नहीं बनेगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पिछली सरकार की सभी जनकल्याण योजनाओं को जारी रखा जाएगा। विजय के इस बयान के दौरान DMK विधायकों ने सदन से वॉकआउट कर दिया।


तिरुपत्तूर विधायक को लेकर भी उठा मुद्दा

उदयनिधि स्टालिन ने यह भी कहा कि कोर्ट के आदेश के चलते तिरुपत्तूर विधायक वोटिंग में हिस्सा नहीं ले सके। DMK का दावा है कि इस वजह से सत्ताधारी पक्ष की वास्तविक संख्या घटकर 106 रह गई थी। विपक्ष ने आरोप लगाया कि सरकार उन दलों के समर्थन से बची है जो पहले DMK गठबंधन के साथ चुनाव जीतकर आए थे।


तमिलनाडु में नई राजनीतिक लड़ाई शुरू

फ्लोर टेस्ट के बाद तमिलनाडु की राजनीति और ज्यादा गर्म हो गई है। एक तरफ विजय सरकार अपनी जीत को स्थिरता का संकेत बता रही है, तो दूसरी तरफ विपक्ष इसे राजनीतिक जोड़तोड़ करार दे रहा है।


अब सबसे ज्यादा नजर इस बात पर रहेगी कि क्या TVK सरकार विधानसभा के बाहर भी अपनी राजनीतिक पकड़ मजबूत रख पाएगी या आने वाले दिनों में और बड़े सियासी बदलाव देखने को मिलेंगे।

पाठकों की राय (0)

इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

अपनी प्रतिक्रिया दें