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डेस्क रिपोर्टर
नई दिल्ली, न्यूज़ वर्ल्ड डेस्क। हमारे देश में अनेक राज्य हैं और अलग-अलग वेशभूषा के साथ-साथ कई तरह की बोलियां हैं। हमारे देश को अनेकता में एकता के लिए जाना जाता है। कुछ किमी पर खानपान, रहन सहन, रीति रिवाज बदल जाते हैं,नइसी तरह से देश के कई नाम भी रखे गए हैं, जिनको लोग अपनी सुविधा के अनुसार उपयोग में लाते हैं। लेकिन अब राज्यसभा सांसद राजमणि पटेल ने इसके खिलाफ एक मांग उठाई है। उनका कहना है कि देश का नाम केवल भारत हो एक देश एक नाम हो।
कितने नामों से जाना जाता है हमारा देश
पूरी दुनिया में भारत ही है जिसको कई नामों से लोग पहचानते हैं। जंबूद्वीप, भारतखंडे, हिमवर्ष, आर्यावर्त, हिन्दुस्तान, इंडिया और भारत ये सभी नाम हमारे देश के हैं और इन नामों से लोग हमारे देश के पहचानते हैं।
इतने नामों का क्या है इतिहास
इन नामों के पीछे कुछ न कुछ इतिहास जरूर है। इंडिया नाम ग्रीक भाषा से आया है। लेकिन भारत एक आदर्श नाम है। भारत नाम सबको भाता है इस नाम से अपनत्व के भाव जीवंत होते हैं। जिसका इतिहास आदर्शों त्याग और बलिदान के भाव से भरा हुआ है। आजादी की लड़ाई के दौरान भी अपनत्व की भावना से सभी को जोड़ने की दिशा में भारत भ्राता समाचार-पत्र का विशेष महत्व रहा है। जो भारत के नाम को दर्शाता है। राजमणि पटेल ने मांग करते हुए कहा कि भारतीय संविधान अनुच्छेद-1 में बदलाव कर देश का नाम केवल भारत किया जाना चाहिए।
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