
देश की राजधानी दिल्ली में हवा लगातार जहरीली होती जा रही है। रविवार को दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 461 तक पहुंच गया, जो इस सर्दी का अब तक का सबसे प्रदूषित दिन रहा। हालात इतने बिगड़ गए हैं कि लोगों को सांस लेना तक मुश्किल हो रहा है।
‘गंभीर’ श्रेणी में पहुंच सकती है हवा
विशेषज्ञों के मुताबिक, आने वाले दिनों में दिल्ली की हवा और ज्यादा खराब हो सकती है और AQI ‘गंभीर’ श्रेणी में बना रह सकता है। बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए अब प्रशासनिक और न्यायिक स्तर पर भी एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं।
CJI का अहम फैसला, सुप्रीम कोर्ट ने जारी किया सर्कुलर
खराब एयर क्वालिटी को देखते हुए भारत के चीफ जस्टिस (CJI) सूर्यकांत ने बड़ा निर्णय लिया है। सुप्रीम कोर्ट की ओर से रविवार को एक सर्कुलर जारी किया गया, जिसमें वकीलों को हाइब्रिड मोड में पेश होने की सलाह दी गई है।
सर्कुलर में क्या कहा गया
सुप्रीम कोर्ट प्रशासन द्वारा जारी सर्कुलर में कहा गया,
“मौसम की मौजूदा स्थिति को देखते हुए भारत के चीफ जस्टिस ने सलाह दी है कि यदि सुविधा हो तो बार के सदस्य/पार्टी सुप्रीम कोर्ट में लिस्टेड अपने मामलों में वीडियो-कॉन्फ्रेंसिंग सुविधा के जरिए हाइब्रिड मोड में पेश हो सकते हैं।”
सोमवार सुबह भी बेहद खराब रही हवा
दिल्ली में सोमवार सुबह 8 बजे तक AQI 452 दर्ज किया गया। राजधानी में रहने वाले लोगों ने सांस लेने में दिक्कत की शिकायत की और खराब हवा को लेकर चिंता जताई।
प्रदूषण से परेशान लोग बोले
दिल्ली निवासी एक शख्स ने एएनआई से बातचीत में कहा,
“दिल्ली की हालत खराब है। हमें सांस लेने में दिक्कत हो रही है। बुजुर्ग परेशान हैं। वह बीमार पड़ रहे हैं। कंस्ट्रक्शन का काम नहीं रुका है। लोग परेशान हैं। लोगों से पूछने वाला कोई नहीं है। मैं सभी से रिक्वेस्ट करता हूं कि इस मामले की शिकायत करें। अधिकारियों को दिल्ली की हालत के बारे में बताएं।”
कोहरे से बढ़ा हादसों का खतरा
एक अन्य स्थानीय निवासी हरमिंदर ने कहा,
“बहुत ज्यादा रिस्क है क्योंकि घने कोहरे के कारण कभी भी एक्सीडेंट हो सकता है। हम सांस नहीं ले पा रहे हैं।”
विजिबिलिटी कम, सड़क पर खतरा
साइकिल चलाने वाले इशान शोम ने भी चिंता जताते हुए कहा, “आज दिल्ली में विजिबिलिटी कम है। हमें कारें नहीं दिख रही हैं। केवल स्ट्रीट लाइट दिख रही हैं। हमें कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा है।”
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