
लेह। लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा और छठी अनुसूची में शामिल करने की मांग को लेकर चल रहा आंदोलन बुधवार को हिंसक हो गया। लेह में दो महिला प्रदर्शनकारियों के बेहोश होने के बाद स्थिति बिगड़ गई। इसके बाद छात्रों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प हुई और भीड़ ने सीआरपीएफ के वाहन को आग के हवाले कर दिया।
प्रदर्शन में शामिल अंचुक और अंचुक डोलमा नामक दो महिलाएं अचानक बेहोश हो गईं। उन्हें अस्पताल ले जाया गया तो सभा में अफरातफरी फैल गई। प्रदर्शनकारियों ने लेह हिल काउंसिल भवन पर पथराव किया। इसी बीच सैकड़ों छात्र बीजेपी दफ्तर के बाहर जमा हो गए और वहां भी पथराव शुरू कर दिया। हालात को काबू में करने के लिए बड़ी संख्या में सुरक्षा बल तैनात किए गए।
इस दौरान पुलिस, आरपीएफ और छात्रों के बीच तीखी झड़प हुई। भीड़ ने पास खड़े आरपीएफ के वाहन को आग लगा दी। इसके बाद सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों को खदेड़ा। मौके पर अतिरिक्त पुलिस और सेना की टुकड़ियां बुलाई गईं। अधिकारियों के अनुसार फिलहाल स्थिति तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में है। इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व लद्दाख के स्थानीय लोग कर रहे हैं। उनका कहना है कि केंद्र सरकार ने इस मुद्दे पर निर्णय के लिए 6 अक्टूबर की तारीख तय की है, लेकिन प्रदर्शनकारी इससे पहले समाधान चाहते हैं।
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