शनिवार, 07 मार्च 2026
Logo
Dharma
शुक्रवार को मां लक्ष्मी की पूजा करने से होती है धन, वैभव और समृद्धि की प्राप्ति, जाने पुरे विधि-विधान
04 अप्रैल, 2025 0 व्यूज 4 मिनट पढ़ाई
शुक्रवार को मां लक्ष्मी की पूजा करने से होती है धन, वैभव और समृद्धि की प्राप्ति, जाने पुरे विधि-विधान

शुक्रवार को मां लक्ष्मी की पूजा करने से होती है धन, वैभव और समृद्धि की प्राप्ति, जाने पुरे विधि-विधान

Sanju Suryawanshi
डेस्क रिपोर्टर
Sanju Suryawanshi

शुक्रवार का दिन मां लक्ष्मी और शुक्रदेव को समर्पित होता है। इस दिन देवी लक्ष्मी की कृपा प्राप्त करने के लिए विधिपूर्वक पूजा करना बहुत शुभ माना जाता है। यह दिन धन, वैभव और समृद्धि की प्राप्ति के लिए विशेष महत्व रखता है।


शुक्रवार की पूजा विधि

1. प्रातःकाल स्नान और संकल्प

सूर्योदय से पहले स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें।

व्रत (उपवास) रखने का संकल्प लें।


2. पूजन सामग्री

साफ चौकी (बाजोट) पर लक्ष्मी माता की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें।

लाल और सफेद वस्त्र बिछाएं।

चावल, कुमकुम, अक्षत, फल, फूल, पंचामृत, घी, दीपक, गंगाजल और सुगंधित अगरबत्ती रखें।


3. मां लक्ष्मी की पूजा विधि

घी का दीपक जलाएं और श्री गणेश का ध्यान करें।

मां लक्ष्मी का स्मरण करते हुए उन्हें फूल, अक्षत और चंदन अर्पित करें।

कपूर जलाकर आरती करें और माता को मखाने या खीर का भोग लगाएं।

श्री सूक्त या लक्ष्मी चालीसा का पाठ करें।


4. दान और सेवा

गरीबों को दूध, चावल, सफेद वस्त्र, मिश्री या सुगंधित चीजें दान करें।

कन्याओं को मिठाई, वस्त्र, श्रृंगार सामग्री भेंट करें।


शुक्रवार व्रत के नियम और लाभ

✅ व्रतधारी को एक समय सात्विक भोजन करना चाहिए।

✅ शुक्रवार को झूठ, नकारात्मकता और क्रोध से बचें।

✅ सफेद वस्त्र धारण करें और चांदी की वस्तुएं धारण करना शुभ माना जाता है।

✅ इस दिन व्रत करने से धन-संपत्ति, ऐश्वर्य और सुख-शांति प्राप्त होती है।


शुक्रवार की आरती (ॐ जय लक्ष्मी माता)

ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता।

तुमको निशिदिन सेवत, हर विष्णु विधाता॥ ॐ जय लक्ष्मी माता…


चंद्र रूप नवकंज लोचन, कंज मुख मृदुहासा।

ब्रह्माणी, रुद्राणी, कमला, तू ही जग की आशा॥ ॐ जय लक्ष्मी माता...


दुर्गा रूप निरंजनि, सुख संपत्ति दाता।

जो कोई तुमको ध्याता, ऋद्धि-सिद्धि धन पाता॥ ॐ जय लक्ष्मी माता...


तुम पाताल निवासी, तुम ही शुभ दाता।

कर्म प्रभाव प्रकाशक, जगनिधि विधाता॥ ॐ जय लक्ष्मी माता...


जिस घर में तुम रहतीं, सब सद्गुण आते।

सब संभव हो जाता, मन नहीं घबराते॥ ॐ जय लक्ष्मी माता...


नारायण संग बैठी, तुम हो अति प्यारी।

कह ‘सूर्यदास’ स्वामी, तुम बिन निराधारी॥ ॐ जय लक्ष्मी माता...


आरती समाप्ति के बाद "श्री लक्ष्मी मंत्र" का जाप करें:

 ॐ ह्रीं श्रीं लक्ष्मीभ्यो नमः॥


यदि शुक्रवार को यह पूजा विधिपूर्वक की जाए, तो मां लक्ष्मी की कृपा से जीवन में धन, समृद्धि और शांति बनी रहती है।

पाठकों की राय (0)

इस खबर पर अभी कोई कमेंट नहीं है। पहले आप लिखें!

अपनी प्रतिक्रिया दें